राजस्थान में पंचायत-निकाय चुनाव की तैयारी तेज, सरकार आज हाईकोर्ट में पेश करेगी रोडमैप
राजस्थान में पंचायत-निकाय चुनाव की तैयारी तेज, सरकार आज हाईकोर्ट में पेश करेगी रोडमैप
जयपुर। राजस्थान में लंबे समय से लंबित पंचायत और नगरीय निकाय चुनावों को लेकर राज्य सरकार सोमवार को राजस्थान हाईकोर्ट के समक्ष विस्तृत रोडमैप पेश करेगी। हाईकोर्ट द्वारा 31 जुलाई तक चुनाव कराने के आदेश की पालना को लेकर नाराजगी जताने और अवमानना कार्रवाई की चेतावनी के बाद सरकार चुनाव प्रक्रिया की प्रस्तावित समय-सीमा और ओबीसी आरक्षण संबंधी पूरी जानकारी अदालत के सामने रखेगी।
जानकारी के अनुसार, शनिवार को महाधिवक्ता राजेन्द्र प्रसाद, मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास, राज्य निर्वाचन आयोग, ओबीसी (राजनीतिक) आयोग, मुख्यमंत्री के अतिरिक्त मुख्य सचिव अखिल अरोड़ा, स्वायत्त शासन सचिव रवि जैन तथा पंचायती राज विभाग के अधिकारियों की बैठक में रिपोर्ट तैयार की गई, जिसे रविवार को अंतिम रूप दिया गया। यही रिपोर्ट सोमवार को हाईकोर्ट में प्रस्तुत की जाएगी।
15 अगस्त से 15 नवंबर के बीच चुनाव कराने का प्रस्ताव
सूत्रों के मुताबिक, राज्य सरकार अदालत के समक्ष 15 अगस्त से 15 नवंबर 2026 के बीच पंचायत और निकाय चुनाव संपन्न कराने का प्रस्ताव रख सकती है। सुनवाई के दौरान सरकार, राज्य निर्वाचन आयोग और ओबीसी (राजनीतिक) आयोग को ओबीसी सर्वे, आरक्षण लॉटरी और चुनाव कार्यक्रम की समय-सीमा से जुड़ी विस्तृत जानकारी भी देनी होगी।
5 अगस्त तक ओबीसी आयोग सौंपेगा रिपोर्ट
सरकारी तैयारियों के अनुसार, ओबीसी (राजनीतिक) आयोग 31 जुलाई तक सर्वे कार्य पूरा कर 5 अगस्त तक अपनी रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंपेगा। इसके बाद पंचायती राज और स्वायत्त शासन विभाग लगभग 10 दिनों में आरक्षण लॉटरी की प्रक्रिया पूरी कर एससी, एसटी, ओबीसी और महिला आरक्षित वार्डों की सूची राज्य निर्वाचन आयोग को भेजेंगे। इसके आधार पर आयोग चुनाव कार्यक्रम घोषित करेगा।
मुख्यमंत्री आवास पर हुई रणनीतिक बैठक
पंचायत और निकाय चुनावों को लेकर शनिवार देर रात मुख्यमंत्री आवास पर भाजपा की रणनीतिक बैठक भी आयोजित की गई। बैठक में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़, राज्यसभा सांसद घनश्याम तिवाड़ी, वरिष्ठ नेता राजेन्द्र राठौड़, अरुण चतुर्वेदी, अशोक परनामी सहित संगठन के कई वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में चुनावी तैयारियों और आगे की रणनीति पर चर्चा की गई।
ओबीसी सर्वे में तेजी, तकनीकी दिक्कतें भी सामने आईं
हाईकोर्ट की सख्ती के बाद राज्य निर्वाचन आयोग, पंचायती राज विभाग, स्वायत्त शासन विभाग और ओबीसी (राजनीतिक प्रतिनिधित्व) आयोग ने चुनावी तैयारियां तेज कर दी हैं। शुक्रवार तक करीब 25 लाख ओबीसी परिवारों का सर्वे पूरा किया जा चुका था। हालांकि, दूरस्थ क्षेत्रों में राजधरा ऐप में तकनीकी समस्याओं के कारण सर्वे कार्य कुछ स्थानों पर प्रभावित होने की जानकारी भी सामने आई है।
फिलहाल, चुनाव कार्यक्रम पर अंतिम स्थिति राजस्थान हाईकोर्ट में सोमवार को होने वाली सुनवाई और सरकार की ओर से पेश किए जाने वाले रोडमैप के बाद अधिक स्पष्ट होगी।
Join for Latest News
हमारे चैनल से जुड़ें और सभी अपडेट सबसे पहले पाएँ