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क्या ऐसे पोस्टरों के विमोचन अधिकारियों के साथ करवा के रुकेगा चाइनीस माझें का प्रयोग

rk
2 months ago
क्या ऐसे पोस्टरों के विमोचन अधिकारियों के साथ करवा के रुकेगा चाइनीस माझें का प्रयोग
क्या ऐसे पोस्टरों के विमोचन अधिकारियों के साथ करवा के रुकेगा चाइनीस माझें का प्रयोग
 
खुलासा ऑनलाइन, बीकानेर। नगर स्थापना दिवस के अवसर पर शहर में जमकर लोग पतंगबाजी का लुत्फ उठाएंगे। ऐसे में पतंग और मांझे की बिक्री भी परवान पर चल रही है। लेकिन सबसे बड़ी बात है कि शहर में इतनी जागरुकता अभियान के बावजूद चाइनीस मांझा भी धडल्ले से बाजार में नजर आ रहा है। कई ऐसे लोग हैं जो केवल पतंग काटने की स्पर्धा के लिए इन घातक मांझे का उपयोग कर रहे हैं। यह चाइनीज मांझा कितना घातक है इसका उदाहरण बीते दिन से लगाया जा सकता है। जब इसकी चपेट में आने से एक आठ वर्षीय बच्चे की मौत हो गई। इसके बावजूद लोग इनकी खरीदारी कर रहे हैं। बात जिला प्रशासन की करें तो हर साल बस एडवाइजरी ही जारी करते हैं। लेकिन एक या दो कार्रवाई के अलावा किसी भी तरह से उनके खिलाफ एक्शन ही नहीं लिया जाता है। ऐसे में चाइनीज मांझा बेचने वालों के हौसले और बुलंद हो जाते हैं।
 
अधिकारी केवल फोटो खिंचवाने में मस्त
पिछले कुछ दिनों की बात करें तो शहर में जागरूकता अभियान के नाम पर पोस्टर विमोचन के कार्यक्रम चल रहे हैं। इसमें छोटे से लेकर बड़े अधिकारी बड़े-बड़े पोस्टर के साथ अपनी फोटो खिंचवा रहे हैं। चाइनीज मांझे के खिलाफ जागरूकता अभियान का प्रचार प्रसार कर रहे हैं। लेकिन सवाल तो यही उठता है कि आखिर क्या इन फोटो खिंचवाने से इन पर नकेल कसी जा सकेगी या फिर यह ऐसे ही धड़ल्ले से बिक्री के लिए आते रहेंगे। अधिकारी केवल कमरों में व्यस्त हैं ना कोई फील्ड में कार्रवाई हो रही है ना ही उनके रोकथाम का कोई ठोस समाधान सामने निकल कर नहीं आ रहा है। हर साल बस जागरूकता अभियान चलाए जाते हैं। अधिकारी पोस्टर का विमोचन करते हैं। लेकिन फील्ड में कोई ठोस कार्रवाई नजर नहीं आती है।

Sanskar
BC

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