Khulasa Online
Breaking
• बीकानेर: अचानक पैर फिसल कर गिरा व्यक्ति, टांके में डूबने से हुई मौत • बड़ी खबर: निर्माणाधीन पुल का स्लैब गिरा, 6 मजदूरों की मौत, 3 को सुरक्षित निकाला गया • सुप्रीम कोर्ट सख्त: खतरनाक कुत्तों को दे मौत का इंजेक्शन! अधिकारियों को दिए निर्देश • NEET पेपर लीक मामले में पुणे का केमेस्ट्री प्रोफेसर गिरफ्तार, CBI ने बताया मास्टरमाइंड • मौसम अपडेट: मानसून तय समय से पहले देगा दस्तक, जाने राजस्थान में कब होगी झमाझम बारिश • बीकानेर: अचानक पैर फिसल कर गिरा व्यक्ति, टांके में डूबने से हुई मौत • बड़ी खबर: निर्माणाधीन पुल का स्लैब गिरा, 6 मजदूरों की मौत, 3 को सुरक्षित निकाला गया • सुप्रीम कोर्ट सख्त: खतरनाक कुत्तों को दे मौत का इंजेक्शन! अधिकारियों को दिए निर्देश • NEET पेपर लीक मामले में पुणे का केमेस्ट्री प्रोफेसर गिरफ्तार, CBI ने बताया मास्टरमाइंड • मौसम अपडेट: मानसून तय समय से पहले देगा दस्तक, जाने राजस्थान में कब होगी झमाझम बारिश
jeevan raksha
Sambhav Hospital
Bansal Group
Bharti

हाईकोर्ट ने राजस्थान में पंचायत-निकाय चुनाव में देरी को लेकर राज्य निर्वाचन-आयुक्त को अवमानना नोटिस किए जारी, कोर्ट ने पूछा- तय सीमा के बाहर का आदेश कैसे जारी किया

rk
2 months ago
हाईकोर्ट ने राजस्थान में पंचायत-निकाय चुनाव में देरी को लेकर राज्य निर्वाचन-आयुक्त को अवमानना नोटिस किए जारी, कोर्ट ने पूछा- तय सीमा के बाहर का आदेश कैसे जारी किया

हाईकोर्ट ने राजस्थान में पंचायत-निकाय चुनाव में देरी को लेकर राज्य निर्वाचन-आयुक्त को अवमानना नोटिस किए जारी, कोर्ट ने पूछा- तय सीमा के बाहर का आदेश कैसे जारी किया

जयपुर। राजस्थान में पंचायत-निकाय चुनाव में देरी को लेकर हाईकोर्ट ने राज्य चुनाव आयोग और चुनाव आयुक्त राजेश्वर सिंह को अवमानना नोटिस जारी किए हैं। कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश एसपी शर्मा की खंडपीठ ने पूर्व विधायक संयम लोढ़ा की अवमानना याचिका पर सुनवाई करते हुए गुरुवार को नोटिस जारी किए।

अदालत ने चुनाव आयोग से पूछा है कि उन्होंने हाईकोर्ट के आदेश के बाद भी निकाय चुनाव के लिए मतदाता सूचियों के पुनरीक्षण का कार्यक्रम तय समय सीमा से बाहर का कैसे जारी कर दिया। अदालत ने चुनाव आयोग से 4 सप्ताह में जवाब मांगा है।

याचिकाकर्ता के अधिवक्ता पुनीत सिंघवी ने कोर्ट को बताया- सरकार और आयोग जानबूझकर चुनाव टाल रहे हैं। जो हाईकोर्ट के आदेश की सीधे तौर पर अवमानना है।

आयोग ने निकाय चुनाव के लिए 22 अप्रैल तक फाइनल मतदाता सूची जारी करने का कार्यक्रम तय किया है। ऐसे में साफ है कि निकाय चुनाव किसी भी हाल में हाईकोर्ट द्वारा तय 15 अप्रैल की समय सीमा में पूरे नहीं हो सकते हैं।

सरकार ने कहा- हम चुनाव आगे बढ़ाना चाहते हैं

सुनवाई के दौरान सरकार की ओर से महाधिवक्ता राजेंद्र प्रसाद ने कहा- सरकार चुनाव आगे बढ़ाने के लिए प्रार्थना पत्र दायर करने जा रही है। इस पर कोर्ट ने कहा- यह बाद की स्थिति है। फिलहाल चुनाव आयोग ने इस तरह का कार्यक्रम कैसे जारी कर दिया।

इसका जवाब चुनाव आयोग 4 सप्ताह में दें। हालांकि कोर्ट ने सरकार को इस मामले में नोटिस जारी नहीं किया है।

कोर्ट ने दिए थे 15 अप्रैल तक चुनाव कराने के आदेश

राजस्थान हाईकोर्ट ने 14 नवंबर 2025 को 439 याचिकाओं पर फैसला सुनाते हुए राज्य सरकार को प्रदेश में 15 अप्रैल 2026 तक पंचायत और निकाय चुनाव कराने के निर्देश दिए थे। वहीं, सरकार को 31 दिसंबर 2025 तक परिसीमन प्रक्रिया पूरी करने के लिए कहा था।

इस आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में दायर कई याचिकाओं पर सुनवाई के समय कोर्ट ने भी राज्य में 15 अप्रैल तक चुनाव कराने के लिए कहा था।

Sanskar
BC

Join for Latest News

हमारे चैनल से जुड़ें और सभी अपडेट सबसे पहले पाएँ

Share: