पुलिस ने सोनी को हथियार देने आए लोगों को किया नामजद, शहर के लोगों की मिलीभगत आई सामने
पुलिस ने सोनी को हथियार देने आए लोगों को किया नामजद, शहर के लोगों की मिलीभगत आई सामने
बीकानेर। लॉरेंस के नाम पर भोपाल के व्यवसायी को धमकाकर 10 करोड़ रुपए की फिरौती मांगने वाले दुर्गेश सोनी को अवैध हथियार देने वाले नामजद कर लिए गए हैं। अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त में स्थानीय लोगों की मिलीभगत है। पुलिस उनकी गिरफ्तारी में जुटी है। फड़बाजार स्थित मालियों की चौकी निवासी दुर्गेश सोनी भोपाल में व्यवसायी गौरव जैन को लॉरेंस के नाम पर धमकी देकर 10 करोड़ रुपए की फिरौती मांगने के मामले में शामिल था। भोपाल पुलिस उसकी तलाश में बीकानेर आई, लेकिन वह हाथ नहीं लगा था। बाद में कोतवाली थाना पुलिस ने दुर्गेश की दुर्गेश को गिरफ्तार कर उससे दो पिस्टल बरामद की थी।पुलिस ने हथियार देकर जाने वाले युवकों को नामजद कर लिया है। भरतपुर, जयपुर और यूपी के तीन युवकों को पुलिस ने नामजद किया है। इनमें से दो युवक हथियार देने बीकानेर आए थे। रिमांड पर चल रहे दुर्गेश से पूछताछ में खुलासा हुआ है कि उसने भोपाल फिरौती मामले में गिरफ्तार जेपी डारा के जरिये दो से ज्यादा हथियार मंगाए थे। हथियार देने आए युवकों को बीकानेर में रुकवाया गया था और डिलीवरी के दौरान थार गाड़ी इस्तेमाल की गई थी। पुलिस ने अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त में शामिल और दुर्गेश के सहयोगी स्थानीय लोगों को भी नामजद किया है। जल्दी ही इनकी गिरफ्तारी होगी और अवैध हथियार भी बरामद किए जाएंगे।मामले की जांच कर रहे सीओ सिटी अनुज डाल ने बताया कि दुर्गेश ने हथियारों के संबंध में ई-मित्र और अपने मोबाइल से रुपयों का ट्रांजेक्शन किया था। वह रिमांड पर है। उसे कोर्टमें पेश कर दुबारा रिमांड मांगा जाएगा। इसके अलावा हथियार दिलाने वाले जेपी डारा को एमपी पुलिस फिरौती मामले में ले गई थी। उसे वहां से प्रॉडक्शन वारंट पर गिरफ्तार कर लाया जाएगा। उससे पूछताछ में मामले की परतें खुलेंगी। गौरतलब है कि भोपाल व्यवसायी से फिरौती कांड में जेपी डारा, उसकी मौसी, बी. सेठिया गली निवासी दिनेश सुथार की गिरफ्तारी हो चुकी है। भोपाल पुलिस दुर्गेश को भी गिरफ्तार करेगी।बाल सुधार गृह में मोबाइल इस्तेमाल करता था जेपीपूर्व में जेपी बाल सुधार गृह में था और वहां मोबाइल इस्तेमाल करता था। उसने मोबाइल के जरिये ही दुर्गेश सोनी को अवैध हथियार दिलाने की डील कराई थी। जेपी जयपुर बाल सुधार गृह में था। वहां से पिछले साल जून-जुलाई में परीक्षा दिलाने बीकानेर बाल सुधार गृह लाया गया था। उस समय दुर्गेश भी हत्या के मामले में बाल सुधार गृह में ही था जहां दोनों की मुलाकात हुई। उसके बाद दुर्गेश ने गैरसरियों का मोहल्ला निवासी साजिद मुगल से दुश्मनी बताते हुए जेपी के जरिये अवैध हथियार मंगाए। दो पिस्टल पुलिस बरामद कर चुकी है।
एमपी में व्यवसायी से फिरौती मांगने में शामिल रहे अभियुक्तों का अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त का भी कारोबार है। इसमें शामिल लोगों को नामजद किया जा रहा है कि सरगनाओं तक पहुंचेंगे। दो पिस्टल बरामद किए हैं, और भी अवैध हथियार बरामद हो सकते हैं। - मृदुल कच्छावा, एसपी
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