Khulasa Online
Header Ad 1
Breaking
• ट्रम्प बोले- ईरान पर सबसे बड़ा अटैक बाकी, अभी पूरी ताकत से हमला शुरू नहीं किया, हमारे पास दुनिया की सबसे बड़ी सेना • होली पर बन रहा खगोलीय संयोग, चंद्रोदय के साथ चंद्रग्रहण का योग, लाल-तामिया रंग में दिखेगा चांद • इजराइल-ईरान जंग : मोदी ने बहरीन किंग-सऊदी प्रिंस से बात की, ओमान में भारतीय की मौत; बहरीन में भारत ने वीजा-पासपोर्ट सर्विस बंद की • अमेरिका-इजराइल ने ईरान पर 24 घंटे में गिराए 1200 बम, सुप्रीम लीडर खामेनेई की मौत, ईरान बोला - खतरनाक बदला लेंगे • ईरान-इजराइल जंग से भारत की 50 फीसदी तेल सप्लाई पर संकट, महंगा हो सकता है सोना-चांदी • ट्रम्प बोले- ईरान पर सबसे बड़ा अटैक बाकी, अभी पूरी ताकत से हमला शुरू नहीं किया, हमारे पास दुनिया की सबसे बड़ी सेना • होली पर बन रहा खगोलीय संयोग, चंद्रोदय के साथ चंद्रग्रहण का योग, लाल-तामिया रंग में दिखेगा चांद • इजराइल-ईरान जंग : मोदी ने बहरीन किंग-सऊदी प्रिंस से बात की, ओमान में भारतीय की मौत; बहरीन में भारत ने वीजा-पासपोर्ट सर्विस बंद की • अमेरिका-इजराइल ने ईरान पर 24 घंटे में गिराए 1200 बम, सुप्रीम लीडर खामेनेई की मौत, ईरान बोला - खतरनाक बदला लेंगे • ईरान-इजराइल जंग से भारत की 50 फीसदी तेल सप्लाई पर संकट, महंगा हो सकता है सोना-चांदी

कराची से गैर-जरूरी अमेरिकी स्टाफ को देश छोडऩे का आदेश ईरान समर्थकों ने यहां दूतावास पर हमला किया था

7 hours ago
कराची से गैर-जरूरी अमेरिकी स्टाफ को देश छोडऩे का आदेश ईरान समर्थकों ने यहां दूतावास पर हमला किया था


कराची से गैर-जरूरी अमेरिकी स्टाफ को देश छोडऩे का आदेश ईरान समर्थकों ने यहां दूतावास पर हमला किया था
तेल अवीव/तेहरान।  अमेरिका-इजराइल और ईरान जंग का आज पांचवां दिन है। अमेरिका ने कराची और लाहौर में अपने दूतावासों में काम कर रहे गैर-जरूरी कर्मचारियों और उनके परिवारों से पाकिस्तान छोडऩे को कहा है।
यह फैसला कराची में अमेरिकी कॉन्सुलेट के बाहर हुए हिंसक प्रदर्शन के बाद लिया गया। रविवार को हुए इस प्रदर्शन में 10 लोगों की मौत हो गई और 60 लोग घायल हो गए। कुछ लोगों ने कॉन्सुलेट के अंदर घुसने की भी कोशिश की। पूरे देश में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाबलों के बीच हुई झड़पों में कुल 24 लोगों की जान गई है।इस बीच हृ के मानवाधिकार कार्यालय ने ईरान में एक लड़कियों के स्कूल पर हुए हमले की जांच कराने की मांग की है। इस हमले में 150 छात्राओं की मौत हुई थी। हालांकि, यह नहीं बताया गया कि उसके मुताबिक इस हमले के लिए कौन जिम्मेदार है।यह स्कूल दक्षिणी ईरान में है और उस पर शनिवार को हमला हुआ था। उसी दिन अमेरिका और इजराइल ने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई शुरू की थी। अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा है कि अमेरिकी सेना जानबूझकर किसी स्कूल को निशाना नहीं बनाती। वहीं इजराइल ने कहा है कि वह इस घटना की जांच कर रहा है।ईरान के 17 जहाज तबाह कर दिए गए, जिनमें एक पनडुब्बी भी शामिल है।इस ऑपरेशन में 50,000 से ज्यादा अमेरिकी सैनिक शामिल हैं।करीब 200 फाइटर जेट, दो एयरक्राफ्ट कैरियर और बम गिराने वाले विमान शामिल हैं।ईरान के एयर डिफेंस सिस्टम, मिसाइलें और ड्रोन को भारी नुकसान हुआ है।अमेरिका ने इस जंग को एपिक फ्यूरी नाम दिया है। इसका मतलब भयंकर गुस्सा होता है।

Article Ad 2

Join for Latest News

हमारे चैनल से जुड़ें और सभी अपडेट सबसे पहले पाएँ

Share: