Khulasa Online
Breaking
• यहां पटाखा फैक्ट्री में धमाका, 18 की मौत, 6 घायल, कई मलबे में दबे; सीएम ने जताया दुख • ट्रंप की आखिरी चेतावनी : राष्ट्रपति बोले - डील मानो, वरना अंधेरे में डूबेगा ईरान; पाकिस्तान में कल फिर वार्ता • पीएम मोदी ने 30 मिनट देश को किया संबोधित, जानें क्या बोले पीएम • केंद्र सरकार ने इतने प्रतिशत बढ़ाया महंगाई भत्ता, 50 लाख केंद्रीय कर्मचारियों और 69 लाख पेंशनर्स को होगा फायदा • देश को दहलाने की साजिश नाकाम, दिल्ली पुलिस ने दबोचे चार खतरनाक आतंकवादी, राम मंदिर और संसद थे निशाना, हो चुकी थी रेकी • यहां पटाखा फैक्ट्री में धमाका, 18 की मौत, 6 घायल, कई मलबे में दबे; सीएम ने जताया दुख • ट्रंप की आखिरी चेतावनी : राष्ट्रपति बोले - डील मानो, वरना अंधेरे में डूबेगा ईरान; पाकिस्तान में कल फिर वार्ता • पीएम मोदी ने 30 मिनट देश को किया संबोधित, जानें क्या बोले पीएम • केंद्र सरकार ने इतने प्रतिशत बढ़ाया महंगाई भत्ता, 50 लाख केंद्रीय कर्मचारियों और 69 लाख पेंशनर्स को होगा फायदा • देश को दहलाने की साजिश नाकाम, दिल्ली पुलिस ने दबोचे चार खतरनाक आतंकवादी, राम मंदिर और संसद थे निशाना, हो चुकी थी रेकी

एनसीईआरटी ने 8वीं की किताब से विवादित नक्शा हटाया, जैसलमेर-बीकानेर को मराठा एम्पायर बताया था

rk
1 month ago
एनसीईआरटी ने 8वीं की किताब से विवादित नक्शा हटाया, जैसलमेर-बीकानेर को मराठा एम्पायर बताया था

एनसीईआरटी ने 8वीं की किताब से विवादित नक्शा हटाया, जैसलमेर-बीकानेर को मराठा एम्पायर बताया था

जैसलमेर। राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) ने 8वीं कक्षा की सामाजिक विज्ञान की किताब में छपे विवादित नक्शे को हटा दिया है। नक्शे में बीकानेर, बूंदी और जैसलमेर को मराठा एम्पायर के रूप में दिखाया था।

विवादित नक्शे को लेकर जैसलमेर पूर्व राजपरिवार के सदस्य विक्रम सिंह नाचना, उदयपुर पूर्व राजपरिवार सदस्य विश्वराज सिंह और राजसमंद एमपी महिमा कुमारी ने आपत्ति जताई थी। इसके बाद किताब से विवादित नक्शे को हटा दिया गया। अगले एडिशन में बुक में ये नक्शा नहीं दिखाई देगा।

विक्रम सिंह नाचना ने कहा- ये हमारी पहचान का प्रश्न था। आगे से NCERT ऐसे किसी भी तथ्य को छापने से पहले एक्सपर्ट की राय जरूर ले।

विवाद सामने आने के बाद NCERT ने मामले की समीक्षा की और स्वीकार किया कि नक्शे में ऐतिहासिक तथ्यात्मक त्रुटि थी। इसके बाद संबंधित सामग्री को पुस्तक से हटा दिया गया। विशेषज्ञों का कहना था कि जैसलमेर रियासत कभी भी सीधे तौर पर मराठा शासन के अधीन नहीं रही, बल्कि वह एक स्वतंत्र रियासत के रूप में अस्तित्व में थी।

पूर्व राजपरिवार के सदस्यों ने जताई थी आपत्ति

पूर्व राजपरिवार से जुड़े सदस्यों और इतिहास के जानकारों ने इसे इतिहास के साथ छेड़छाड़ बताया था। उनका कहना था कि इस तरह की गलत जानकारी से विद्यार्थियों के बीच भ्रम फैलता है और स्थानीय इतिहास की गलत व्याख्या होती है।

पूर्व राजपरिवार सदस्य विक्रम सिंह नाचना ने कहा- यह केवल एक नक्शे का मामला नहीं था, बल्कि हमारे इतिहास और पहचान का प्रश्न था। हमने शुरू से ही कहा था कि जैसलमेर को मराठा साम्राज्य का हिस्सा दिखाना पूरी तरह गलत है। अब NCERT ने इसे हटाकर सही कदम उठाया है।

हम चाहते हैं कि भविष्य में पाठ्य पुस्तकों में किसी भी ऐतिहासिक तथ्य को शामिल करने से पहले विशेषज्ञों से गहन समीक्षा कराई जाए, ताकि इस तरह की गलतियां दोबारा न हों।

BC

Join for Latest News

हमारे चैनल से जुड़ें और सभी अपडेट सबसे पहले पाएँ

Share: