Khulasa Online
Breaking
• बंगाल में दूसरे चरण की 142 सीटों पर वोटिंग कल, ममता के सामने भाजपा के सुवेंदु अधिकारी मैदान में • चुनावों के बाद पेट्रोल और डीजल कीमतें बढ़ाने की योजना पर मंत्रालय का बड़ा बयान • सप्त शक्ति कमांड द्वारा ईसीएचएस सेमिनार आयोजित • बैंक कर्मचारियों ने कहा था- जिसका खाता उसे लेकर आओ, मरी हुई बहन का कंकाल लेकर बैंक पहुंचा शख्स, सामने आई चौंकाने वाली घटना • सांसद की कार पर ईंट-पत्थर से हमला, सांसद, उनका ड्राइवर घायल; 3 भाजपा कार्यकर्ता अरेस्ट • बंगाल में दूसरे चरण की 142 सीटों पर वोटिंग कल, ममता के सामने भाजपा के सुवेंदु अधिकारी मैदान में • चुनावों के बाद पेट्रोल और डीजल कीमतें बढ़ाने की योजना पर मंत्रालय का बड़ा बयान • सप्त शक्ति कमांड द्वारा ईसीएचएस सेमिनार आयोजित • बैंक कर्मचारियों ने कहा था- जिसका खाता उसे लेकर आओ, मरी हुई बहन का कंकाल लेकर बैंक पहुंचा शख्स, सामने आई चौंकाने वाली घटना • सांसद की कार पर ईंट-पत्थर से हमला, सांसद, उनका ड्राइवर घायल; 3 भाजपा कार्यकर्ता अरेस्ट
Arham School
jeevan raksha
Sambhav Hospital
Bansal Group
Bharti
Trade Fair

व्हाट्सएप ने शुरू की सिम-बाइंडिंग की टेस्टिंग, जानें कैसे फ्रॉड और फर्जी अकाउंट्स पर लगेगी लगाम

rk
2 weeks ago
व्हाट्सएप ने शुरू की सिम-बाइंडिंग की टेस्टिंग, जानें कैसे फ्रॉड और फर्जी अकाउंट्स पर लगेगी लगाम

व्हाट्सएप ने शुरू की सिम-बाइंडिंग की टेस्टिंग, जानें कैसे फ्रॉड और फर्जी अकाउंट्स पर लगेगी लगाम

भारत सरकार और TRAI के निर्देशों के बाद व्हाट्सएप ने डिजिटल पहचान को मजबूत करने के लिए बड़ा कदम उठाया है। अब व्हाट्सएप अकाउंट को आपके डिवाइस में सक्रिय सिम कार्ड से स्थायी रूप से लिंक किया जाएगा। इससे साइबर धोखाधड़ी और अकाउंट हैकिंग जैसी घटनाओं में भारी कमी आने की उम्मीद है।

व्हाट्सएप भारत में सिम-बाइंडिंग फीचर का परीक्षण कर रहा है, जो यूजर के अकाउंट को उसके फोन में मौजूद फिजिकल सिम कार्ड से जोड़ेगा। इसका मुख्य उद्देश्य साइबर फ्रॉड को रोकना और यह सुनिश्चित करना है कि अकाउंट का इस्तेमाल सही व्यक्ति ही कर रहा है या नहीं। फिलहाल यह फीचर कुछ बीटा यूजर्स के लिए उपलब्ध है, जहां एप बीच-बीच में सिम की मौजूदगी को वेरिफाई करेगा।

क्या है सिम-बाइंडिंग नियम?
देखिए अभी तक व्हाट्सएप चलाने के लिए उसके एक्टिव करने के लिए सिर्फ एक ओटीपी यानी की वन टाइम पासवर्ड की जरूरत पड़ती थी, लेकिन सिम बाइंडिंग नियम के बाद व्हाट्सएप यह चेक करेगा कि जिस नंबर से अकाउंट बनाया जा रहा है, उस नंबर की सिम उस फोन में एक्टिव है नहीं। अगर सिम कार्ड फाेन में नहीं है, तो सुरक्षा कारणों से अकाउंट का उपयोग बाधित हो सकता है।

साइबर फ्रॉड और दुरुपयोग पर प्रहार
यह नियम खासतौर पर  मुख्य रूप से इन समस्याओं को खत्म करने के लिए लाया गया है:
फेक अकाउंट्स: बिना सिम के वर्चुअल नंबरों पर चलने वाले फर्जी अकाउंट्स बंद हो जाएंगे।
अकाउंट ब्रीच: हैकर्स अब किसी दूसरे डिवाइस पर आपका व्हाट्सएप सिर्फ OTP के जरिए आसानी से लॉगिन नहीं कर पाएंगे।
धोखाधड़ी: चोरी किए गए सिम या अवैध तरीके से बनाए गए अकाउंट्स का इस्तेमाल मुश्किल हो जाएगा।

 सरकार और TRAI के कड़े नियम
दूरसंचार नियामक ट्राई और भारत सरकार लंबे समय से ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स को पहचान वेरिफिकेशन मजबूत करने के निर्देश दे रहे थे। सिम-बाइंडिंग उसी डिजिटल पहचान जांच का हिस्सा है, जिससे दूरसंचार नेटवर्क पर सुरक्षा बढ़ाई जा सकेगी।

कब लागू होगा यह नियम?
जानकारी के अनुसार फिलहाल यह अभी ट्रायल मोड में है। कुछ चुनिंदा उपयोगकर्ताओं को एप खोलते समय या कोई खास एक्टिविटी करते समय वैरिफाई सिम प्रिफरेंस का मैसेज मिल सकता है। अगर टेस्टिंग सफल होती है, तो यह सभी भारतीयों के लिए जारी कर दिया जाएगा। 

Sanskar
BC

Join for Latest News

हमारे चैनल से जुड़ें और सभी अपडेट सबसे पहले पाएँ

Share: