Khulasa Online
Breaking
• सुप्रीम कोर्ट सख्त: खतरनाक कुत्तों को दे मौत का इंजेक्शन! अधिकारियों को दिए निर्देश • NEET पेपर लीक मामले में पुणे का केमेस्ट्री प्रोफेसर गिरफ्तार, CBI ने बताया मास्टरमाइंड • मौसम अपडेट: मानसून तय समय से पहले देगा दस्तक, जाने राजस्थान में कब होगी झमाझम बारिश • बड़ी खबर: NEET परीक्षा 2026 रद्द, 22 लाख छात्रों ने दी थी परीक्षा, दोबारा होगा पेपर! • राजस्थान में सस्ती बिजली पर संकट: सोलर ओवरफ्लो से लाखों यूनिट बिजली बेकार • सुप्रीम कोर्ट सख्त: खतरनाक कुत्तों को दे मौत का इंजेक्शन! अधिकारियों को दिए निर्देश • NEET पेपर लीक मामले में पुणे का केमेस्ट्री प्रोफेसर गिरफ्तार, CBI ने बताया मास्टरमाइंड • मौसम अपडेट: मानसून तय समय से पहले देगा दस्तक, जाने राजस्थान में कब होगी झमाझम बारिश • बड़ी खबर: NEET परीक्षा 2026 रद्द, 22 लाख छात्रों ने दी थी परीक्षा, दोबारा होगा पेपर! • राजस्थान में सस्ती बिजली पर संकट: सोलर ओवरफ्लो से लाखों यूनिट बिजली बेकार
Arham School
jeevan raksha
Sambhav Hospital
Bansal Group
Bharti
Trade Fair

पश्चिम एशिया संकट : ट्रंप ने जोन्स एक्ट की छूट को इतने दिनों के लिए बढ़ाया; तेल बाजार में स्थिरता की कोशिश

rk
3 weeks ago
पश्चिम एशिया संकट : ट्रंप ने जोन्स एक्ट की छूट को इतने दिनों के लिए बढ़ाया; तेल बाजार में स्थिरता की कोशिश

पश्चिम एशिया संकट : ट्रंप ने जोन्स एक्ट की छूट को इतने दिनों के लिए बढ़ाया; तेल बाजार में स्थिरता की कोशिश

पश्चिम एशिया संकट के बीच अमेरिका से एक बड़ी खबर आई है। दरअसल, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जोन्स एक्ट की छूट को अगले 90 दिनों के लिए विस्तार देने का निर्णय लिया है। व्हाइट हाउस की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, इस फैसले का मुख्य उद्देश्य अमेरिकी ऊर्जा बाजार में आई भारी अस्थिरता को कम करना और तेल-प्राकृतिक गैस की आपूर्ति को सुगम बनाना है। ईरान और अमेरिका के बीच तनाव से उपजे वैश्विक संकट के बाद राष्ट्रपति ट्रंप के इस फैसले को मास्टरस्ट्रोक माना जा रहा है।

विदेशी जहाजों के लिए खुले रास्ते
इस छूट के लागू होने के बाद अब गैर-अमेरिकी जहाजों के लिए अमेरिकी बंदरगाहों से तेल और प्राकृतिक गैस का परिवहन करना काफी आसान हो जाएगा। जोन्स एक्ट के प्रावधानों के तहत केवल अमेरिका में बने, अमेरिकी स्वामित्व वाले और अमेरिकी चालक दल वाले जहाजों को ही घरेलू समुद्री व्यापार की अनुमति होती है। हालांकि, मौजूदा ऊर्जा संकट के बाद आपूर्ति श्रृंखला में आए अवरोधों को देखते हुए ट्रंप प्रशासन ने इन नियमों में ढील दी है।

होर्मुज बंद होने की वजह से लिया गया फैसला
ज्ञात हो कि ट्रंप ने सबसे पहले मार्च के मध्य में 60 दिनों की छूट की घोषणा की थी। यह निर्णय होर्मुज जलडमरूमध्य के बंद होने के बाद लिया गया था। पश्चिम एशिया संकट गहराने की वजह से अंतरराष्ट्रीय तेल आपूर्ति काफी हद तक बाधित हुई है। वर्तमान में इस जलमार्ग के बंद होने से अमेरिका पहुंचने वाले जहाजों की आवाजाही पर बड़ा असर पड़ा है। इसी कमी को पूरा करने के लिए अब विदेशी जहाजों के माध्यम से आपूर्ति को तेज करने की योजना बनाई गई है।

नई रिपोर्ट में सकारात्मक संकेत
व्हाइट हाउस की ओर से सोशल मीडिया पर साझा किए गए डाटा के अनुसार, मार्च में दी गई शुरुआती छूट के नतीजे काफी उत्साहजनक रहे हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि छूट मिलने के बाद से अमेरिकी बंदरगाहों तक अधिक मात्रा में तेल और गैस की सप्लाई हो सकी है। इसी डाटा को आधार बनाकर प्रशासन ने अगले 90 दिनों के लिए इस व्यवस्था को जारी रखने का फैसला किया है, जिससे कीमतों में स्थिरता बनी रहे।

Sanskar
BC

Join for Latest News

हमारे चैनल से जुड़ें और सभी अपडेट सबसे पहले पाएँ

Share: