Khulasa Online
TM Jewellers
Breaking
• बीकानेर: अचानक पैर फिसल कर गिरा व्यक्ति, टांके में डूबने से हुई मौत • बड़ी खबर: निर्माणाधीन पुल का स्लैब गिरा, 6 मजदूरों की मौत, 3 को सुरक्षित निकाला गया • सुप्रीम कोर्ट सख्त: खतरनाक कुत्तों को दे मौत का इंजेक्शन! अधिकारियों को दिए निर्देश • NEET पेपर लीक मामले में पुणे का केमेस्ट्री प्रोफेसर गिरफ्तार, CBI ने बताया मास्टरमाइंड • मौसम अपडेट: मानसून तय समय से पहले देगा दस्तक, जाने राजस्थान में कब होगी झमाझम बारिश • बीकानेर: अचानक पैर फिसल कर गिरा व्यक्ति, टांके में डूबने से हुई मौत • बड़ी खबर: निर्माणाधीन पुल का स्लैब गिरा, 6 मजदूरों की मौत, 3 को सुरक्षित निकाला गया • सुप्रीम कोर्ट सख्त: खतरनाक कुत्तों को दे मौत का इंजेक्शन! अधिकारियों को दिए निर्देश • NEET पेपर लीक मामले में पुणे का केमेस्ट्री प्रोफेसर गिरफ्तार, CBI ने बताया मास्टरमाइंड • मौसम अपडेट: मानसून तय समय से पहले देगा दस्तक, जाने राजस्थान में कब होगी झमाझम बारिश
jeevan raksha
Sambhav Hospital

आरजीएचएस में नया अपडेट, अब करना होगा ये, पढ़ें खबर

Bansal
1 month ago
आरजीएचएस में नया अपडेट, अब करना होगा ये, पढ़ें खबर

आरजीएचएस में नया अपडेट, अब करना होगा ये, पढ़ें खबर 

जयपुर। राजस्थान गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम एक नया अपडेट आया है। अब डॉक्टर की ओर से जूनियर रेजिडेंट या अन्य कार्मिक हस्ताक्षर नहीं कर सकेंगे। यानि राजस्थान गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम (आरजीएचएस) में जारी होने वाली प्रत्येक प्रिस्क्रिप्शन पर्ची को संबंधित चिन्हित चिकित्सक को स्वयं जांचकर सत्यापित और प्रमाणित करना होगा। चिकित्सक को पर्ची पर अपने हस्ताक्षर और मुहर भी करनी होगी। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की प्रमुख शासन सचिव गायत्री राठौड़ ने यह महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए हैं।

चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की प्रमुख शासन सचिव गायत्री राठौड़ ने बताया कि जांच के दौरान सामने आया कि कुछ मामलों में लाभार्थियों की प्रिस्क्रिप्शन जूनियर रेजिडेंट या अन्य कार्मिक तैयार कर रहे हैं और चिकित्सक की ओर से हस्ताक्षर भी किए जा रहे हैं। संबंधित आरजीएचएस पंजीकृत चिकित्सक की ओर से इन पर्चियों का विधिवत सत्यापन और प्रमाणीकरण नहीं किया जा रहा था। इसे देखते हुए अब प्रक्रिया को स्पष्ट और सख्त किया गया है। प्रमुख शासन सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य गायत्री राठौड़ ने बताया कि आरजीएचएस के अंतर्गत जारी होने वाले चिकित्सकीय परामर्श एवं प्रिस्क्रिप्शन की विश्वसनीयता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए ये महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए गए हैं।

राजस्थान गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम (आरजीएचएस) परियोजना अधिकारी डॉ. निधि पटेल ने बताया कि अस्पतालों में संस्थागत नियमों के अनुसार प्रिस्क्रिप्शन तैयार करने, क्लिनिकल विवरण दर्ज करने या डेटा एंट्री में अन्य कार्मिकों की मदद ली जा सकती है। हालांकि, मरीज की जांच के बाद सामने आए क्लिनिकल निष्कर्ष, निदान, दवाइयों, जांचों और उपचार संबंधी अंतिम निर्णय की जिम्मेदारी संबंधित एम्पैनल्ड चिकित्सक की ही होगी।

BC

Join for Latest News

हमारे चैनल से जुड़ें और सभी अपडेट सबसे पहले पाएँ

Share: