Khulasa Online
Breaking
• बीकानेर: अचानक पैर फिसल कर गिरा व्यक्ति, टांके में डूबने से हुई मौत • बड़ी खबर: निर्माणाधीन पुल का स्लैब गिरा, 6 मजदूरों की मौत, 3 को सुरक्षित निकाला गया • सुप्रीम कोर्ट सख्त: खतरनाक कुत्तों को दे मौत का इंजेक्शन! अधिकारियों को दिए निर्देश • NEET पेपर लीक मामले में पुणे का केमेस्ट्री प्रोफेसर गिरफ्तार, CBI ने बताया मास्टरमाइंड • मौसम अपडेट: मानसून तय समय से पहले देगा दस्तक, जाने राजस्थान में कब होगी झमाझम बारिश • बीकानेर: अचानक पैर फिसल कर गिरा व्यक्ति, टांके में डूबने से हुई मौत • बड़ी खबर: निर्माणाधीन पुल का स्लैब गिरा, 6 मजदूरों की मौत, 3 को सुरक्षित निकाला गया • सुप्रीम कोर्ट सख्त: खतरनाक कुत्तों को दे मौत का इंजेक्शन! अधिकारियों को दिए निर्देश • NEET पेपर लीक मामले में पुणे का केमेस्ट्री प्रोफेसर गिरफ्तार, CBI ने बताया मास्टरमाइंड • मौसम अपडेट: मानसून तय समय से पहले देगा दस्तक, जाने राजस्थान में कब होगी झमाझम बारिश
jeevan raksha
Sambhav Hospital
Bansal Group
Bharti

200 फर्जी डिजिटल सिग्नेचर बनाकर बड़ी फर्मों से 400 करोड़ की ठगी

rk
2 months ago
200 फर्जी डिजिटल सिग्नेचर बनाकर बड़ी फर्मों से 400 करोड़ की ठगी

 200 फर्जी डिजिटल सिग्नेचर बनाकर बड़ी फर्मों से 400 करोड़ की ठगी

जयपुर। बड़ी फर्मों के संचालकों के डिजिटल हस्ताक्षर हैक कर 400 करोड़ की ठगी करने वाले गिरोह के तार अब राजस्थान, दिल्ली और दुबई के बाद गुजरात और महाराष्ट्र से भी जुड़ गए हैं। पुलिस कमिश्नरेट की साइबर थाना पुलिस की जांच में खुलासा हुआ है कि फर्जी डिजिटल सर्टिफिकेट डाउनलोड करने और उनके भुगतान के लिए गुजरात व महाराष्ट्र की आइपी (IP) एड्रेस का उपयोग किया गया था। जांच में सामने आया कि गिरोह ने 67 मोबाइल नंबरों का इस्तेमाल कर 10 अधिकृत कंपनियों से करीब 200 डिजिटल हस्ताक्षर बनवाए। इन फर्जी हस्ताक्षरों के लिए भुगतान मुख्य रूप से यूपीआइ आइडी से किया गया था। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, प्रदेश में एसपी, कलक्टर सहित अधिकांश बड़े अधिकारियों के डिजिटल हस्ताक्षर प्रशासनिक और वित्तीय कार्यों में उपयोग किए जाते हैं। अधिकारियों की अनुपस्थिति में चयनित कर्मचारी और अधिकृत स्टाफ इनका प्रयोग करते हैं। ऐसी स्थिति में गिरोह की ओर से इन उच्चाधिकारियों के डिजिटल हस्ताक्षरों का भी दुरुपयोग किए जाने की गंभीर आशंका जताई जा रही है, जिसकी जांच एजेंसियां अब गहराई से कर रही हैं।

पुलिस को अब जोधपुर निवासी यशवंत गर्ग, नदीम, मोहम्मद अकरम, सरस्वती मंडल, खुशबू सांखला, ऐश्वर्य बोहरा और पाली निवासी ललित कुमार सहित सीकर व दिल्ली के अन्य संदिग्ध सदस्यों की तलाश है । पुलिस टीमें संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही हैं और आरोपियों के नेटवर्क की भी जांच की जा रही है । मामले में मुख्य सरगना सुल्तान खान, नंद किशोर, अशोक कुमार भंडारी, प्रमोद खत्री और निर्मल सोनी को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है, जिन्हें अदालत के आदेश पर पांच दिन के पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है ।

Basic School
BC

Join for Latest News

हमारे चैनल से जुड़ें और सभी अपडेट सबसे पहले पाएँ

Share: