राजस्थान में एक साल तक नहीं होंगे 1.60 लाख कर्मचारियों के ट्रांसफर, जानें बड़ी वजह
राजस्थान में एक साल तक नहीं होंगे 1.60 लाख कर्मचारियों के ट्रांसफर, जानें बड़ी वजह
जयपुर। जनगणना-2027 के पहले चरण मकान सूचीकरण की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। एक मई से पोर्टल खुलने के साथ स्वगणना शुरू होगी। इसके बाद 15 मई से 14 जून तक प्रगणक घर-घर जाकर जानकारी जुटाएंगे। राजस्थान में इस कार्य के लिए 1.60 लाख कर्मचारियों को प्रगणक व सुपरवाइजर लगाया गया है, जिनमें 10 प्रतिशत रिजर्व रहेंगे। जनगणना कार्य में लगे अधिकारियों-कर्मचारियों के तबादले मार्च 2027 तक नहीं होंगे।
जनगणना कार्य निदेशक बिष्णु चरण मल्लिक ने बताया कि 16 वर्ष बाद हो रही इस जनगणना में एक मोबाइल नंबर से एक ही परिवार की स्वगणना की जा सकेगी। स्वगणना के बाद एच से शुरू 11 अंकों की एसई आइडी जारी होगी, जिसके आधार पर प्रगणक सत्यापन करेगा। मल्लिक ने कहा कि जनगणना के लिए आधार या अन्य दस्तावेज की जरूरत नहीं है और किसी को ओटीपी साझा नहीं करना है। जनगणना को लेकर जो भी संदेश आएगा, उसमें RGICEN अवश्य लिखा होगा। प्रगणक के आईडी कार्ड पर क्यूआर कोड को स्कैन कर उसकी पहचान भी जांची जा सकेगी। उन्होंने बताया कि जनगणना के लिए सही जानकारी देना कानूनी बाध्यता है, लेकिन स्वगणना में किसी से गलती हो गई है तो उसे प्रगणक के सत्यापन के लिए घर आने पर सुधरवाया जा सकेगा।
Join for Latest News
हमारे चैनल से जुड़ें और सभी अपडेट सबसे पहले पाएँ