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खेत में घुसी भैसों को बाहर निकालने की बात को लेकर हुए विवाद में मारपीट के मामले में आरोपी को चार सालों की सजा

Bansal sadi
3 months ago
खेत में घुसी भैसों को बाहर निकालने की बात को लेकर हुए विवाद में मारपीट के मामले में आरोपी को चार सालों की सजा

 

खेत में घुसी भैसों को बाहर निकालने की बात को लेकर हुए विवाद में मारपीट के मामले में आरोपी को चार सालों की सजा
 बीकानेर। नोखा क्षेत्र में खेत में घुसी भैंसों को बाहर निकालने की बात को लेकर हुए विवाद में गंभीर मारपीट करने वाले आरोपी को कोर्ट ने चार साल के कारावास की सजा सुनाई है। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रमेश कुमार ढालिया ने आरोपी दीपाराम पुत्र मोडाराम निवासी देसलसर, थाना नोखा को भारतीय दंड संहिता की धारा 323, 325 व 326 में दोषी मानते हुए चार वर्ष के कठोर कारावास और 10 हजार रुपए जुर्माने से दंडित किया। जुर्माना अदा नहीं करने पर आरोपी को एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।प्रकरण के अनुसार परिवादी रामेश्वर सिंह ने 12 सितंबर 2012 को सीएचसी नोखा में उपचार के दौरान पुलिस को दिए पर्चा बयान में बताया कि उसकी ढाणी खेत रोही देसलसर में स्थित है, जहां उसने मोठ, बाजरी, तिल और ग्वार की फसल बो रखी थी। शाम करीब 6:30 बजे पेमाराम ब्राह्मण की भैंसें उसके खेत में घुस गईं, जिन्हें उसने बाहर निकाल दिया।आरोप है कि इसके करीब एक घंटे बाद शाम 7:30 बजे दीपाराम अपने तीन अन्य साथियों के साथ पिकअप गाड़ी में वहां पहुंचा और लाठियों व सरियों से रामेश्वर सिंह के साथ मारपीट की। हमले में परिवादी को गंभीर चोटें आईं। मामले में थाना नोखा में वर्ष 2012 में एफआईआर दर्ज की गई।पुलिस जांच के बाद कोर्ट में आरोपी दीपाराम के खिलाफ चालान पेश किया गया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से सहायक निदेशक अभियोजन गजेन्द्र सिंह राठौड़ ने पैरवी करते हुए कई गवाहों के बयान करवाए तथा कई दस्तावेज कोर्ट में पेश किए। साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर कोर्ट ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई।

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