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राजस्थान निकाय चुनाव में इतने वार्ड हुए आरक्षित, 60 चेयरमैन भी होंगे

3 weeks ago
राजस्थान निकाय चुनाव में इतने वार्ड हुए आरक्षित, 60 चेयरमैन भी होंगे

 राजस्थान निकाय चुनाव में इतने वार्ड हुए आरक्षित, 60 चेयरमैन भी होंगे

जयपुर। राजस्थान में नगरीय निकाय चुनावों से पहले वार्ड आरक्षण को लेकर स्थिति स्पष्ट हो गई है। परिसीमन के बाद अनुसूचित जाति (एससी) और अनुसूचित जनजाति (एसटी) के लिए आरक्षित वार्डों का वर्गीकरण कर दिया गया है। इसके तहत 309 नगरीय निकायों के 10245 वार्डों में से एससी के लिए 1795 और एसटी के लिए 399 वार्ड आरक्षित होंगे। एससी वर्ग के 552 और एसटी वर्ग के 161 अतिरिक्त वार्ड बढ़े हैं। वहीं, एससी-एसटी वर्ग के लिए करीब 24 अतिरिक्त चेयरमैन पद भी आरक्षित किए गए हैं। 

इससे शहरी निकायों में इन वर्गों की भागीदारी ज्यादा वार्डों, निकायों तक होगी। उधर, अब निगाहें ओबीसी आरक्षण पर हैं। ओबीसी आयोग की रिपोर्ट के आधार पर इसी माह ओबीसी के लिए आरक्षित वार्डों की घोषणा कर दी जाएगी। इसके बाद चुनावी तैयारियों को अंतिम रूप दिया जाएगा। निकायों के चुनाव संभवतया अप्रेल कराए जाएंगे। पिछली बार 196 नगरीय निकायों में चुनाव हुए थे। इस बार निकायों और वार्डों की संख्या बढ़ने से चुनाव का दायरा भी व्यापक होगा। वर्ष 2019 और 2026 के नगरीय निकाय चुनावों की तुलना से स्पष्ट होता है कि निकायों की संख्या के साथ-साथ कुल वार्डों और आरक्षित वार्डों की संख्या में भी उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। वर्ष 2019 में प्रदेश में कुल 196 नगरीय निकाय थे, जिनमें कुल 7,500 वार्ड बने थे। इनमें अनुसूचित जाति (SC) के लिए 1,243 वार्ड, अनुसूचित जनजाति (ST) के लिए 238 वार्ड तथा अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के लिए 1,502 वार्ड आरक्षित किए गए थे।

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