कोर्ट ने इस पूर्व विधायक को ज्यूडिशियल कस्टडी में भेजा, गिरफ्तारी को चुनौती पर ईडी 9 को देगी जवाब
कोर्ट ने इस पूर्व विधायक को ज्यूडिशियल कस्टडी में भेजा, गिरफ्तारी को चुनौती पर ईडी 9 को देगी जवाब
जयपुर । प्रवर्तन निदेशालय (ED) की जयपुर क्षेत्रीय इकाई ने शुक्रवार को पूर्व विधायक बलजीत यादव को रिमांड अवधि समाप्त होने के बाद जयपुर की विशेष अदालत में पेश किया। यह सुनवाई PMLA मामलों की सुनवाई करने वाली विशेष अदालत, CBI कोर्ट संख्या-3 में न्यायाधीश खगेन्द्र कुमार शर्मा की अदालत में हुई।
ईडी की ओर से अधिवक्ता अपेक्षा तिवारी ने अदालत से बलजीत यादव को न्यायिक हिरासत में भेजने की मांग की। इस दौरान अदालत ने केस डायरी प्रस्तुत करने के निर्देश दिए, लेकिन मौके पर केस डायरी उपलब्ध नहीं होने की जानकारी ईडी की ओर से दी गई। इसके बाद अदालत ने केस डायरी मंगवाने के आदेश दिए।
सुनवाई के दौरान न्यायाधीश खगेन्द्र कुमार शर्मा ने पूर्व विधायक से ईडी रिमांड के दौरान हुई पूछताछ को लेकर सवाल किए और जांच से जुड़ी जानकारियां लीं। भोजनावकाश के बाद दोबारा सुनवाई शुरू हुई।
पूर्व विधायक की ओर से ईडी की गिरफ्तारी को अवैध और गैरकानूनी बताते हुए फिर मुद्दा उठाया गया। कोर्ट में बलजीत यादव ने कहा, “मुझे फंसाया जा रहा है। मैंने हर समन का जवाब दिया है। मेरे खाते में कोई पैसा नहीं आया, फिर भी मुझे गिरफ्तार किया गया। विधायक का सीधा रोल नहीं होता। मेरे विधानसभा क्षेत्र से मुझे गिरफ्तार किया गया, ताकि बखेड़ा खड़ा किया जा सके और मुझे विलेन बनाया जा सके।”
वहीं, पिछली सुनवाई के दौरान कोर्ट परिसर में हुई नारेबाजी को लेकर अदालत ने नाराजगी जताई। इस पर पूर्व विधायक ने कहा कि उन्हें नहीं मालूम किसने नारेबाजी की। उन्होंने कहा कि वह कोर्ट का सम्मान करते हैं और जिन्होंने ऐसा किया, उन्होंने जानबूझकर परेशानी बढ़ाई। उन्होंने सभी को समझाने की बात भी कही।
लंबी बहस के बाद अदालत ने पूर्व विधायक बलजीत यादव को न्यायिक हिरासत में भेजने के आदेश दिए।
पूर्व विधायक की ओर से गिरफ्तारी को चुनौती देने के मामले में ईडी 9 फरवरी को अपना जवाब दाखिल करेगी, जबकि मामले की अगली सुनवाई 10 फरवरी को होगी।
फिलहाल, पूर्व विधायक बलजीत यादव न्यायिक हिरासत में रहेंगे और आगे की कानूनी प्रक्रिया आगामी सुनवाई में तय होगी।