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खुलासा न्यूज,बीकानेर। सरकारी सिस्टम का खामियाजा कही न कही आमजन को उठाना पड़ता ही है। जिसके चलते लंबित शिकायतों के बाद भी प्रशासन इस ओर ध्यान नहीं देता और जब हादसे के बाद प्रशासन की दौड़ धूप शुरू होती है। शहर के कई इलाकों में बारिश बैरन बनती है। जिसके डे्रनेज सिस्टम की खामियों ने वहां के लोगों की जान हलख में ला रखी है। मामला सुजानदेसर क्षेत्र का है। जहां बरसाती और गंदे पानी ने सौ से ज्यादा मकानों को न सिर्फ घेर लिया है, बल्कि नींव को भी कमजोर कर दिया है। घरों में बने अंडरग्राउंड में गंदा पानी झरने की तरह बह रहा है और मकान मालिक सारा सामान छोड़कर घर से बाहर बैठने को मजबूर है। रविवार को महज तीस मिनट की बारिश ने इस क्षेत्र के लोगों का जीवन संकट में डाल दिया है। ऐसे में आने वाला मानसून यहां खुशनुमा होने के बजाय दुख का दरिया लेकर आ सकता है। गंगाशहर के पास स्थित सुजानदेसर ढलान पर बसा हुआ क्षेत्र है। बारिश होने के साथ ही यहां गंगाशहर सहित सभी तरफ से गंदा पानी आना शुरू हो जाता है। वहीं साडिय़ों व अन्य कपड़ों पर रंग करने वाले भी अपनी फैक्ट्रियों से जो गंदा पानी छोड़ते हैं, वो इसी क्षेत्र में आकर जमा होता है। गंगाशहर का चांदमल बाग तो साफ हो गया, लेकिन उसका गंदा पानी अब इस क्षेत्र तक पहुंच रहा है। हर तरफ से यहां पानी आता तो है लेकिन आगे निकासी नहीं है। यही कारण है कि गंदे पानी ने इस पूरे क्षेत्र को अपनी जद में लिया हुआ है। अधिकांश घरों में एक से दो फीट तक पानी है।

अंडरग्राउंड में झील का दृश्य
शंकर पाणेचा के घर में एक अंडरग्राउंड बना हुआ है। घर के चारों तरफ पानी जमा हो गया। अंडरग्राउंड में कहीं एक सुराख बना जहां अब पांच इंच का गोला बन गया। यहीं से पूरे मोहल्ले का गंदा पानी झरने के रूप में अंडरग्राउंड तक पहुंच गया है। पाणेचा ने सोमवार को अपने परिवार को सुरक्षित स्थान पर भेजा है,जबकि दोपहर तक घर का सामान निकालने में लगा रहा। इसी तरह आसपास के दर्जनों लोग है, जिनका घर कभी भी गिरने की स्थिति में है। इनमें जगदीश उपाध्याय,चांदरतन आचार्य,छगनलाल लोहार,किसनलाल लोहार,अभयप्रकाश प्रजापत, खेमचंद उपाध्याय, मनोज उपाध्याय का घर भी अब संकट में है। इन सभी ने घर से महिलाओं और बच्चों को बाहर निकाल दिया है।
कहां से आता है पानी?
इस क्षेत्र में शहर के अंदरुनी क्षेत्र का गंदा पानी न सिर्फ नालियों से आता है बल्कि बारिश का पानी भी पहुंचता है। सुजानदेसर ब्राह्मणों के मोहल्ले में कच्ची दीवार बनाकर गंदे पानी को करीब चार साल पहले रोका गया था।रविवार की बारिश में यह दीवार टूट गई। अब सारा गंदा पानी इन घरों में घुस गया है।
निकासी की व्यवस्था नहीं
इस क्षेत्र से निकासी के लिए एक नाला बनाया गया था, लेकिन बीच में ही काम बंद कर दिया गया। ऐसे में गंदा पानी यहीं खुले में पसर जाता था। स्थानीय लोगों ने अपने स्तर पर ही एक दीवार बनाकर पानी को मोहल्ले में आने से रोका था लेकिन अब यह दीवार भी ढह गई।
प्रशासन बेखबर, कोई नहीं आया
गंगाशहर में इतनी बड़ी घटना के बाद भी जिला प्रशासन ने इस क्षेत्र की खैर खबर नहीं ली है। यहां लोग अपने स्तर पर ही पानी निकालने में जुटे हुए हैं, पानी नहीं निकला तो परिजनों को सुरक्षित स्थान पर भेज दिया। भाजपा नेता विजय उपाध्याय रविवार सुबह यहां पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन की लापरवाही के कारण ही इतना पानी मोहल्लों से होकर घरों में घुस रहा है। कोई बड़ा हादसा हो गया तो जिला प्रशासन इसके लिए दोषी होगा।