समता आन्दोलन ने मनाया स्थापना दिवस
बीकानेर। समता आन्दोलन समिति का स्थापना दिवस त्यागी वाटिका जैलवैल स्थित सामुदायिक भवन में मनाया  गया। इस अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष पाराक्षर नारायण शर्मा ने कहा कि 102 वें संविधान संशोधन द्वारा देश के सभी  राज्यों से ओ.बी.सी. घोषित करने की शक्तियॉ छीनी जा चुकी हैं और सभी शक्तियॉ संसद को दी जा चुकी हैं। इस  संविधान संशोधन द्वारा नेशनल कमीशन फ ोर बैकवार्ड क्लासेज को संवेधानिक दर्जा दिया जा चुका है और  ओ.बी.सी. घोषित करने की प्रकिया एवं परिभाषा भी संविधान में डाल दी गयी हैं। अब 15 अगस्त 2018 के बाद  पूरे देश में एन.सी.बी.सी. की अभिशंषा के आधार पर संसद द्वारा बिल पारित किया जाएगा तथा राष्ट्रपति द्वारा  अधिसूचना जारी करके ओ.बी.सी. की घोषणा की जाएगी। उन्होंने बताया कि  इसी प्रकार अप्रेल 2019 में बी.पी.  शर्मा की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय कमेटी हुई जो ओ.बी.सी. के क्रिमीलेयर नोटिफिकेशन की समीक्षा क रेगी।संभागीय अध्यक्ष वाई.के.शर्मा योगी ने बताया कि आगामी वर्ष में बीकानेर में समता आन्दोलन  सलाहकार परिषद का गठन किया जाएगा। जिससे प्रजातंत्र को मजबूत एवं पारदर्शी बनाया जाएगा। दिल्ली प्रदेश के  समता अध्यक्ष कैप्टन गुरूविन्दर सिंह ने बताया कि समता आन्दोलन की शाखाएं कुल ग्यारह राज्यों में खोली जा  चुकी है। उन्होंने निजी क्षेत्र में आरक्षण की पैरवी की निंदा की। विधि प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष एडवोकेट विराज राठौड़ ने विधिक एवं न्यायिक क्षेत्र में हो रहें भेदभाव को  मिटाने के लिए प्रयास किये जा रहे हैं। इस दौरान हरिराम गहलोत,डॉ.मोहन लाल जाजड़ा ,राजेश चूरा, अरूण वैद,   मल्लवी शर्मा, ने भी विचार व्यक्त किये। स्वागत भाषण जिला सचिव ओम प्रकाश बोहरा एवं धन्यवाद भाषण डी.के . गौड़ द्वारा दिया गया।