
इस ग्राम विकास अधिकारी को शिकायते सही पाए जाने पर किया निलंबित




इस ग्राम विकास अधिकारी को शिकायते सही पाए जाने पर किया निलंबित
बीकानेर। नापासर के तत्कालीन ग्राम विकास अधिकारी सुरेश कुमार मेघवाल को राज्य सरकार ने तत्काल प्रभाव से निलंबित करदिया है। यह कार्रवाई विभागीय जांच में उनके खिलाफ मिली शिकायतें सही पाए जाने के बाद की गई। ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग राजस्थान सरकार के अतिरिक्त आयुक्त एवं संयुक्त शासन सचिव प्रथम ब्रजेश कुमार चांडोलिया ने निलंबन के आदेश जारी किए हैं।
जांच रिपोर्ट के आधार पर दिए आदेश
आदेश में बताया गया है कि यह कार्रवाई जिला परिषद बीकानेर से प्राप्त जांच रिपोर्ट के आधार पर की गई है। जिला परिषद बीकानेर के मुख्य कार्यकारी अधिकारी को इस कार्रवाई की सूचना दो दिन के भीतर विभाग को भेजने का निर्देश दिया गया है। इस मामले की निष्पक्ष और विस्तृत जांच सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकार ने एक नई जांच समिति का भी गठन किया है। विभागीय पत्र के अनुसार पिछली जांच में दोष सिद्ध होने के बावजूद सभी तथ्यों की गहराई से पड़ताल और समग्र समीक्षा के लिए यह कदम उठाया गया है, ताकि किसी भी स्तर पर कोई संदेह न रहे।
नई जांच समिति 7 दिन में देगी रिपोर्ट नई जांच समिति में जिला परिषद बीकानेर की अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी प्रियंका तलानिया, लेखाधिकारी अतिरिक्त चार्ज बिंदिया बिश्नोई और सहायक अभियंता अतिरिक्त चार्ज रमन बग्गड़ शामिल हैं। समिति को सात दिनों के भीतर जांच पूरी कर रिपोर्ट विभाग को सौंपने का निर्देश दिया गया है। इस कार्रवाई के बाद नापासर क्षेत्र में चर्चाएं तेज हो गई हैं। स्थानीय लोगों का मानना है कि लंबे समय से लंबित शिकायतों पर अब ठोस कदम उठाए गए हैं, जिससे प्रशासनिक जवाबदेही और पारदर्शिता का संदेश गया है।




