
टैक्सी में बैठाकर होटल ले जाकर जबरन दुष्कर्म करने के मामले में आरोपी बरी




टैक्सी में बैठाकर होटल ले जाकर जबरन दुष्कर्म करने के मामले में आरोपी बरी
बीकानेर। न्यायाधीश रैना शर्मा ने दुष्कर्म के मामले में आरोपित शुभम को बरी किया। कोर्ट ने कहा कि पीडि़ता ने अभियोजन की कहानी का समर्थन नहीं किया, जिससे आरोप साबित नहीं हो सके। पीडि़ता ने पुलिस को दी रिपोर्ट में बताया था कि आरोपित शुभम, जो उसके रिश्ते में मामा लगता है, उसके फोटो वायरल करने की धमकी देकर उसे मिलने बुलाता था। आरोप के अनुसार 17 जून 2025 को आरोपित उसे टैक्सी में बैठाकर एक होटल ले गया, जहां जबरन दुष्कर्म किया गया और बाद में वीडियो वायरल करने की धमकी दी गई। मामले की सुनवाई के दौरान पीडि़ता कोर्ट में अपने बयान से पलट गई। उसने कहा कि उसके साथ कोई दुष्कर्म नहीं हुआ और आरोपित ने कभी उसके साथ गलत काम नहीं किया। पीडि़ता ने केवल एफआईआर और दस्तावेजों पर हस्ताक्षर स्वीकार किए, लेकिन घटना से साफ इनकार कर दिया। इसके बाद अभियोजन ने पीडि़ता को पक्षद्रोही घोषित किया। कोर्ट का फैसला कोर्ट ने कहा कि आरोपित के खिलाफ लगाए गए आरोप प्रमाणित नहीं हो सके। इसलिए शुभम को बरी किया जाता है। साथ ही आरोपित के जमानत मुचलके निरस्त कर दिए गए। आरोपित की ओर से पैरवी अधिवक्ता तालिब हसन ने की




