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प्रदेश में मंगलवार को कोरोना का फिर नया रिकॉर्ड बना है। राजस्थान में पिछले 24 घंटे के अंदर कोरोना के 12,201 संक्रमित केस मिले हैं। जयपुर, जोधपुर कोटा में आज भी एक हजार से ऊपर केस मिले हैं। प्रदेश में आज कोरोना से 64 लोगों की जान चली गई। कोरोना की जद में अब गहलोत सरकार में चिकित्सा राज्य मंत्री डॉ. सुभाष गर्ग भी आ गए हैं। पॉजिटिव आने के बाद उन्होंने खुद यह जानकारी दी।

कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए सरकार ने जयपुर में नया कोविड सेंटर बनाने की तैयारी शुरू कर दी है, ताकि अस्पतालों में भर्ती हल्के लक्षण वाले मरीजों को वहां शिफ्ट किया जा सके। वहीं दूसरी तरफ चिकित्सा मंत्री डॉ. रघु शर्मा ने एक बार फिर केन्द्र सरकार पर ऑक्सीजन के मामले में निशाना साधा है।

आज जिलेवार कोरोना की स्थिति देखें तो सबसे ज्यादा 1,875 मरीज जयपुर में मिले हैं, जबकि यहां 9 लोगों की कोरोना से मौत हुई है। इसके अलावा जोधपुर में 1,545 और कोटा में 1,382 नए मरीज मिले हैं। जोधपुर में 17 और कोटा में 10 लोगों की कोरोना से जान चली गई। इन शहरों के अलावा आज अलवर, उदयपुर में 500 से ऊपर संक्रमित मिले हैं।

85 हजार से ज्यादा सैंपल की जांच, हर 7वां पॉजिटिव
राज्य में पहली बार 85,843 सैंपल की एक दिन में जांच की गई। यह अब तक लिए गए एक दिन के सैंपल में सबसे ज्यादा है। इन सभी सैंपल में हर 7वां जांच में पॉजिटिव निकला है। इसी कारण राज्य में आज संक्रमण की दर 14.21% दर्ज की गई।

ऑक्सीजन के मामले में चिकित्सा मंत्री ने केन्द्र पर साधा निशाना
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री डॉ. रघु शर्मा ने अब केन्द्र सरकार पर ऑक्सीजन के मामले में निशाना साधा है। शर्मा ने आज एक बयान देते हुए राजस्थान कोरोना प्रबंधन और कोरोना वैक्सीनेशन में देश के लिए रोल मॉडल रहा है। अगर जरूरत के अनुसार ऑक्सीजन व जीवनदायिनी दवाएं मिल जाए तो प्रदेश एक बार फिर मिसाल कायम कर सकता है। उन्होंने कहा कि प्रदेशवासियों की जान बचाने के लिए आक्सीजन की सबसे ज्यादा जरूरत है, लेकिन ऑक्सीजन प्लांट भारत सरकार के नियंत्रण में है।

अलवर के भिवाडी में 120 मिट्रिक टन (एमटी) ऑक्सीजन जनरेट करता है, लेकिन राजस्थान को केवल 65 एमटी ही मिल रहा है। जबकि पड़ोसी राज्य गुजरात को 1200 मिट्रिक टन और राजस्थान के लिए 124 मिट्रिक टन का कोटा फिक्स किया है। इसमें भी सप्लाई केवल 65 मिट्रिक टन की ही हो रही है।