[t4b-ticker]

बीकानेर में इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए जल्दी बनेंगे सरकारी चार्जिंग स्टेशन, स्थान तय करने का काम शुरू

बीकानेर में इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए जल्दी बनेंगे सरकारी चार्जिंग स्टेशन, स्थान तय करने का काम शुरू
बीकानेर। बीकानेर में जनता को इलेक्ट्रिक वाहन चार्ज करने की सरकारी सुविधा जल्दी ही मिलने लगेगी। इसके लिए शहर में पब्लिक चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने की तैयारी शुरू कर दी गई है। स्टेशन कहां बने, इसके लिए स्थान तलाशे जा रहे हैं।
जनता का रुख इलेक्ट्रिक वाहनों की खरीद पर तेजी से बढ़ रहा है। बीकानेर में भी दुपहिया, थ्री व्हीलर और फोर व्हीलर इलेक्ट्रिक गाडिय़ों की बिक्री में लगातार बढ़ोतरी होती जा रही है। बीकानेर में इलेक्ट्रिक वाहनों की चार्जिंग के लिए पब्लिक स्टेशन की सख्त आवश्यकता जताई जा रही है।
जनता को यह सुविधा अब जल्दी ही मिलने वाली है। पीएम ई-ड्राइव योजना के तहत शहर में इलेक्ट्रिक वाहनों की चार्जिंग के लिए सरकारी पब्लिक स्टेशन स्थापित करने पर काम शुरू कर दिया गया है। चार्जिंग स्टेशन बनाने के लिए स्थान तय किए जाने हैं। इसके लिए कलेक्टर नम्रता वृष्णि ने नगर निगम आयुक्त मयंक मनीष को नोडल अधिकारी बनाया है।
गौरतलब है कि भारत सरकार की पीएम ई-ड्राइव योजना में प्रदेश में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने और चार्जिंग स्टेशन स्थापित कर बुनियादी ढांचे को मजबूत करने का जिम्मा राजस्थान नवीकरणीय ऊर्जा निगम लिमिटेड (आरआरईसीएल) को सौंपा गया है। आरआरईसीएल की देखरेख में ही जिलों में इलेक्ट्रिक वाहन सार्वजनिक चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए जाएंगे।
पीएम ई-ड्राइव योजना में सार्वजनिक चार्जिंग स्टेशनों के लिए 2,000 करोड़ रुपए का बजट दिया गया है। इसका लक्ष्य इलेक्ट्रिक कारों के लिए 22,100 फास्ट चार्जर, ई-बसों के लिए 1,800 और दोपहिया/तिपहिया वाहनों के लिए 48,400 फास्ट चार्जर स्थापित करना है।
वर्ष, 24 में 20 लाख से ज्यादा इलेक्ट्रिक वाहन बिके
देश में इलेक्ट्रिक वाहनों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। अगस्त, 23 तक देश में 28 लाख से ज्यादा ईवी थे जिनमें 13.68 पूर्वोत्तर थे। वर्ष, 23-24 में करीब 16.8 लाख इलेक्ट्रिक वाहन बिके। वर्ष, 24 में ईवी की बिक्री तेजी से बढ़ी और 20 लाख से ज्यादा वाहन बिक गए। भारत सरकार की ईवी को बढ़ावा देने की नीति में ईवी वाहनों की संख्या लगातार तेजी से बढ़ेगी। नवंबर, 21 में 8,46,132 इलेक्ट्रिक वाहन थे, जिनमें 591,859 तिपहिया वाहन थे।
निगम आयुक्त होंगे नोडल अधिकारी, चार्जिंग पर देश में खर्च होंगे 92000 करोड़
इलेक्ट्रिक वाहनों की पहुंच को आसान बनाने के लिए सार्वजनिक पार्किंग, वाणिज्यिक केन्द्र, पेट्रोल पंप और परिवहन केन्द्रों के नजदीक स्थानों को प्राथमिकता दी जाएगी।
चार्जिंग उपकरण, ट्रांसफार्मर और इलेक्ट्रिक वाहनों की पार्किंग के लिए पर्याप्त खुली जगह।
11 केवी, 33 केवी फीडर के नजदीक जिससे कि सुरक्षा मानकों को ध्यान में रखते बिजली की उपलब्धता हो।
पर्याप्त रोशनी का इंतजाम हो, आग और बिजली के सुरक्षा मानदंडों की अनुपालना के साथ सुरक्षित परिसर होना चाहिए।
ऐसा स्थान जहां भविष्य में इलेक्ट्रिक वाहनों की संख्या बढऩे पर विस्तार की संभावना हो।

Join Whatsapp