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– कल दोपहर 2 बजे से शुरू होगा कार्यक्रम
– मुख्य कार्यक्रम 4 बजे से और समापन रात्रि 10 बजे
खुलासा न्यूज़, बीकानेर। रोडवेज बस स्टैण्ड के सामने शगुन पैलेस में कल 11 अगस्त को होने वाले तीज महोत्सव की अंतिम रूप दे दिया गया है। बीकानेर में होने जा रहे पहले और अनूठे कार्यक्रम में हर समाज के लोग भागीदार बनेंगे और जज भी बनेंगे। बता दें कि बीकाणे में यह पहला कार्यक्रम है, जहां जजमेंट का काम यहां पहुंचने वाली ऑडियन्स करेगी, करीब 500 परिवारों की इस कार्यक्रम में शिरकत करने का अनुमान है।

इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज को संगठित करना, समाज को फैल रही भ्रांतियों को दूर करना सहित सामाजिक उद्देश्य के साथ किया जा रहा है। आयोजक समाजसेवी आशा पारीक ओर समाजसेवी अंजली चांडक के अनुसार इस कार्यक्रम में शहर की मिसेज तीज मिस्टर ओर मिसेज तीज बीकानेर की बेस्ट स्माइल/ हेयर ड्रेस/ ज्वेलरी/ कैट वॉक का सलेक्शन भी होगा।

कार्यक्रम में वेन्यू शगुन पैलेस के रवि पारीक पुत्र पंडित लक्ष्मीनारायण जी द्वारा ओर प्रवेश पत्र की वैल्यू रूपबहार ब्यूटी पार्लर ओर HH  ज्वेलर्स द्वारा प्रायोजित की गई है।इसके अतिरिक्त शहर की कई संस्थाओं की भी सक्रिय भागीदारी रहेगी । आयोजकों ने ये भी बताया कि महिलाओ के द्वारा पूरा शॉपिंग जोन बनाया जाएगा जहां खरीददारी की जा सकती है। खानपान के लिए चौपाटी एरिया जाएगी एवं समस्त दर्शकों के लिए विभिन्न आकर्षक प्रतिस्पर्धाओं का भी आयोजन किया जाएगा। फोटो शूट के लिए विशेष व्यवस्था की गई है ताकि सभी प्रतिभागी ओर आगंतुक अपनी यादगार तस्वीरें शूट करवा सके। कार्यक्रम की खास बात ये कि कोई भी रकम यदि कार्यक्रम के बाद सरप्लस हो जाती है तो उसे सामाजिक सरोकार के कार्य में खर्च कर दिया जाएगा।

आयोजकों ने किए सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त
पारीवारिक व सामाजिक कार्यक्रम को देखते हुए आयोजकों ने सुरक्षा की दृष्टि से कड़े बंदोबस्त किए है। प्रवेश द्वार पर सिक्योरिटी गार्ड तैनात रहेंगे जो कि इस कार्यक्रम में पहुंचने वाली महिलाओं व युवतियों को सुरक्षा प्रदान करेंगे। साथ ही कार्यक्रम में किसी भी प्रकार का कोई उत्पात नहीं हो इसके भी कड़े बंदोबस्त किए गए है।

इनका कहना है :::
समाज को संगठित करने के उद्देश्य से इस कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। वर्तमान समय में स्थितियां इस तरह पनप चुकी है कि एक परिवार के लोग बिखरे हुए है।
– आशा पारीक , समाजसेवी

समाज का नियंत्रण नहीं होने से समाज एकजुट नहीं हो पा रहा है। समाज को एकजुट करने के लिए इस प्रकार के अनूठे कार्यक्रम का आयोजन किया गया है, जिससे पूरे परिवार को एकमंच पर लाने का प्रयास किया जाएगा।
– अंजली चाण्डक, समाजसेवी