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बीकानेर। श्रीगंगानगर में शर्मनाक मामला सामने आया है। यहां अध्यापकों ने अपने ही स्कूल की छात्राओं से अश्लील हरकतें कर डालीं। उनकी यह करतूत विद्यालय के छात्रों ने अपने मोबाइल के कैमरे में कैद कर लीं। मामले की जानकारी मिलने पर संख्या में ग्रामीण स्कूल में पहुंचे और आरोपी शिक्षकों की धुनाई कर स्कूल में ही बंधक बना लिया। संयुक्त निदेशक बीकानेर ने तीन अध्यापकों का निलंबित कर दिया जबकि प्रधानाचार्य को एपीओ किया गया है।
आरोपी अध्यापकों से मारपीट भी हुई
ग्रामीणों ने स्कूल की छुट्टी करवाकर स्टाफ को विद्यालय में बंद कर मुख्य गेट पर ताला लगा दिया। ग्रामीण इन अध्यापकों पर लंबे समय से नजर रखे हुए थे लेकिन उन्हें साक्ष्य नहीं मिल पा रहे थे। स्कूली बच्चों ने ही विद्यालय में अध्यापकों की करतूत का वीडियो बना लिया। ग्रामीण जब स्कूल में पहुंचे तो प्रधानाचार्य सोहनलाल डागला ने अध्यापकों के बचाव का प्रयास किया। इससे ग्रामीण आक्रोशित हो गए। आक्रोशित ग्रामीणों ने छेड़छाड़ के आरोपी अध्यापकों से मारपीट भी की। घटनाक्रम की जानकारी मिलते ही उपखंड अधिकारी, पुलिस उप अधीक्षक, समेजा थानाधिकारी, तहसीलदार, मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी सहित अन्य अधिकारी मौके पर पहुंच गए। दिनभर ग्रामीणों से समझाइश के प्रयास चलते रहे लेकिन आरोपी अध्यापकों के खिलाफ कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे
देर शाम हुई कार्रवाई तब माने ग्रामीण
वार्ता करने पहुचे अधिकारियों ने देर शाम तक निदेशालय से संपर्क कर स्कूल स्टाफ पर कार्रवाई की। छात्राओं से छेड़छाड़ के आरोपी अध्यापकों परमानंद, भादरराम व गजानंद को विद्यालय से तत्काल प्रभाव से हटा दिया गया जबकि प्रधानाचार्य सोहनलाल डागला को एपीओ कर मुख्यालय श्रीगंगानगर कर दिया। देर रात को संयुक्त निदेशक बीकानेर ने छात्राओं से छेड़छाड़ के आरोपी अध्यापकों भादरराम, गजानंद और परमानंद का निलंबित कर दिया है। निलंबन के दौरान भादरराम और गजानंद का मुख्यालय डूंगरगढ़ और परमानंद का मुख्यालय कोलायत रहेगा। उधर, ग्रामीणों ने अध्यापकों के खिलाफ समेजा पुलिस को प्राथमिकी दर्ज करने के लिए रिपोर्ट दी। पुलिस के अनुसार ग्रामीणों की रिपोर्ट पर अध्यापकों गजानंद, परमानंद, भादरराम व इन्द्राज के खिलाफ एफआइआर दर्ज कर ली गई है।