बीकानेर । भाजपा नेता बिहारी लाल बिश्नोई विधायक नोखा को  खाजूवाला में किसानों ने नहरी पानी कटौती की बात रखी एवं ज्यादा पानी दिलवाने कि बात कही। उन्होंने नहरी पानी में बढोतरी हेतु केन्द्रीय जलशक्ति मन्त्री  गजेन्द्र सिंह से मिलकर भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड से राजस्थान को इंदिरा गांधी नहर हेतु अतिरिक्त पानी दिलवाने की मांग कि थी एवं किसान कार्यकर्ताओं को साथ लेकर हनुमानगढ़ सिचाई मुख्य अभियन्ता से उनके कार्यालय में मिले एवं उनसे आग्रह किया कि आप पानी कम न करें परन्तु सिचाई चीफ अभियन्ता ने बीबीएमबी पानी नहीं दे रहा कह कर पल्ला झाड़ लिया ओर 12 दिसम्बर को इंदिरा गांधी नहर में पानी कम कर दिया गया।
केन्द्रीय जलशक्ति मन्त्री ने बीबीएमबी के चेयरमैन, हनुमानगढ़ सिचाई मुख्य अभियन्ता, केन्द्रीय प्रमुख सचिव जलशक्ति एवं सिंचित क्षैत्र के सांसद विधायक प्रमुख सिचाई कृषि क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ताओं को बिहारीलाल जी आग्रह पर बैठक हेतु आमन्त्रित किया था। उक्त बैठक में राजस्थान के मुख्य अभियन्ता ने भाग नहीं लिया। बैठक में तय हुआ राजस्थान जितने पानी कि मांग करेंगे दे दिया जाएगा पोंगडेम को 20 मई कि जगह 31मार्च को ही 1301 फीट खाली हो उतना पानी तो दे ही देंगा यदि चार में से दो ग्रुप चलाने हेतु ज्यादा पानी की आवश्यकता पड़ी तो ओर भी खाली कर पानी दे देंगे। राजस्थान मांग करे बीबीएमबी ने संबंधित राज्यों के प्रतिनिधिमण्डल कि बैठक बुलाई परन्तु राजस्थान के मुख्य अभियन्ता ने अतिरिक्त पानी की मांग नहीं की उन्हें उसी समय मांग कर उस समय चल रहे पानी के टर्म को जो छ: जनवरी  को पूरा होता उस समय से ज्यादा पानी देने की घोषणा करनी चाहिए थी । जो नहीं की।
गत वर्ष पोंगडेम मे वर्तमान वर्ष से पांच फीट कम पानी था एवं गतवर्ष जनवरी एवं मार्च माह में चार में से दो ग्रुप में तथा बीच में फरवरी माह में तीन में से एक ग्रुप चला कर पचास प्रतिशत फसलें बर्बाद करवा दिया एवं पोंगडेम में पानी 1301फीट कि जगह 1339.78 फीट बचा लिया गया बाद में वर्षा ऋतु आने पर पानी पाकिस्तान छोडऩा पड़ा पंजाब एवं राजस्थान की सरकारों को राजस्थान के पीडि़त किसानों कि अपेक्षाकृत पाकिस्तान से ज्यादा प्यार है । वर्तमान में 5 अप्रैल तक लगातार चार में से दो ग्रुप एक साथ चलाए जाए तो भी पोंगडेम 1301 फीट तक खाली नहीं होगा
जानकारी के अनुसार 30 दिसम्बर को जल परामर्शदात्री कि बैठक हनुमानगढ़ सिचाई मुख्य अभियन्ता कार्यालय में बुलाई गई है एवं संभावना जताई है कि 7 जनवरी से चार में से दो ग्रुप में तीन बार तीन में से एक ग्रुप में एक बार पानी दिया जाएगा। जो गतवर्ष कि तरह किसानों कि बर्बादी का षड्यंत्र है।
सन् 2018-2019 एवं सन् 2019-2020 में स्मरण रहे नदी रावी,ब्यास एवं सतलुज के जल आगमन क्षैत्र में पिछले बीस वर्षों के औसत से 30 प्रतिशत ज्यादा वर्षा हुई है परन्तु फिर भी राजस्थान कि सरकार किसानों को उजाडऩे पर तुली हुई है गत वर्ष की तरह इस वर्ष भी फसलें कम पानी के कारण बर्बाद हो जाएगी याद रहे पूर्ववर्ती सरकार जिसके सिंचाई मन्त्री हनुमानगढ़ के विधायक डा रामप्रताप जी ने पोंगडेम को लगातार चार वर्ष पोंगडेम को 1280 फीट तक खाली करने को बीबीएमबी को तैयार किया ओर इंदिरा गांधी नहर क्षैत्र के किसानों को बचाया।

बिशनोई ने राजस्थान सरकार से अनुरोध करते हुए कहा है कि किसानों के साथ कोई षडयंत्र न करके 5 अप्रेल 2020 तक लगातार पचास- पचास प्रतिशत नहरें एक साथ यानि चार में से दो ग्रुप मे इंदिरा गांधी नहर चलवाकर किसानों के साथ न्याय करें बीच में तीन में से एक यानि 33-33 प्रतिशत नहरें बारी बारी से चलाने का षडयंत्र करके फसलों को बर्बाद न करें।