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खुलासा न्यूज़्, बीकानेर। बूंदी शहर में कोरोना संक्रमण के अचानक बढ़े मामलों के बाद मंगलवार से 7 दिन रखने का निर्णय किया। यह निर्णय जिला प्रशासन ने शहर के प्रबुद्ध लोगों और व्यापारिक संगठनों के प्रतिनिधियों से चर्चा के बाद किया गया। अब नगर परिषद की सीमा में बाजार आवश्यक सेवाओं को छोडकऱ 3 अगस्त तक बंद रहेंगे। प्रदेश में अकेला बूंदी शहर होगा जिसने सबसे पहले लॉकडाउन का निर्णय किया। ग्रीन जोन में रहा। अब अचानक मामले बढ़े और सोमवार सुबह आई रिपोर्ट के बाद 110 हो गए। छोटा शहर होने से सभी ने कोरोना की चैन बनने की आशंका जाहिर की। जिसे शुरुआती दिनों में ही तोडऩे की सभी प्रबुद्ध लोगों ने आवश्यकता बताई। करीब एक घंटे तक चली बैठक के बाद शहर में 28 जुलाई से 3 अगस्त तक लॉकडाउन करने का निर्णय किया। सिर्फ आवश्यक सेवाओं को इससे बाहर रखा गया। बैठक में जिला कलक्टर आशीष गुप्ता, अतिरिक्त जिला कलक्टर अमानुल्लाह खान, पुलिस अधीक्षक शिवराज सिंह मीना, पुलिस उपअधीक्षक मनोज शर्मा सहित एक दर्जन से अधिक व्यापारिक संगठनों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

निर्णय बूंदी के हित में
व्यापारिक संगठनों से बात की गई। सभी ने एक सप्ताह तक बाजार बंद रखने का निर्णय किया। कोरोना चैन ब्रेक करने के लिए ही यह सहमति बनी। निर्णय बूंदी के हित में किया गया।
– आशीष गुप्ता, जिला कलक्टर, बूंदी

बीकानेर में लॉकडाउन की बढ़ी आशंका
जिले में लॉक डाउन की आशंकाएं बढ़ गई है। बता दें कि यहां पिछले 20 दिनों से कोरोना पॉजिटिव अधिक आ रहे हैं। कोरोना संक्रमण के अचानक बढ़े मामलों के बाद कलेक्टर नमित मेहता अगर चाहें तो बीकानेर को लॉक डाउन लगा सकते हैं। उल्लेखनीय है कि बीकानेर वर्तमान में कोरोना पॉजिटिव आने के लिहाज से राजस्थान के प्रमुख जिलों में शामिल हो चुका है।