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बीकानेर। मानसून को देखते हुए करंट से बचाव के लिए कई कदम उठाए जा रहे है। इस दौरान खुले पैनल को बन्द करने, ट्रांसफार्मर की फेसिंग व खतरे वाले इलाकों में विद्युत तंत्र का ठीक करने के काम किए जा रहे है।
बीकेईएसएल के सीओओ शान्तनू भट्टाचार्य ने बताया कि शहर में खुले पडे सभी पैनलों के कवर लगाए जाएंगे और जहां पैनल चोरी हो गए है, वहां नए पैनल लगाए जा रहे है। खतरे वाले इलाकों के ट्रांसफार्मर के पास से झाडियां हटाने के साथ चारों ओर फेसिंग लगाई जा रही है। उन्होंने बताया कि तारों के आसपास से पेडों की छटाई की जा रही है। बिजली के तार आपस में नहीं टकराए, इसके लिए सेपरटेर लगाए जा रहे है। कम्पनी ने विद्युत तंत्र को बेहतर बनाने के लिए चार टीमें फील्ड में तैनात की है।

सावधानी रखें, बिजली के करंट से बचें
बीकेईएसएल ने बरसात को देखते हुए बीकानेर शहर में लोगों को बिजली के संभावित खतरों से बचाने के लिए सावधानी बरतने तथा विद्युत तंत्र से दूर रहन े की सलाह दी है। मौसम शुरू होते ही विद्युत तंत्र से खतरा बढ़ जाता है। ट्रासं फार्मर, पैनल बॉक्स, विद्युत लाइनें, विद्युत पोल, स्टे वायर आदि बरसात के दौरान गीले होने के कारण इनमें करंट आने की आशकंा रहती है। लोगों की लापरवाही ही कई बार विद्युत हादसों का कारण बनती है।

इन बातों का ध्यान रखें
– बारिश के मौसम में बिजली की लाइनों से दूर रहें
– विद्युत लाइनों पर आकंड़ें डालने का प्रयास नहीं करें।
– अपने जानवरों को बाहर खुला नहीं छोडे, उन्हें खभ्ंाो से नहीं बांधे और खभ्ं ाो ं व ट्रांसफार्मर से दूर रखें।
– बरसात में खंभों पर लगे स्टे वायर को नहीं छूएं।
– विद्युत तत्रं के आसपास नंगे पैर नहीं घूमें अर्थिंग मिलने से आपको करंट का तेज झटका लग सकता है।
– बिजली के खंभों व तारों के आसपास कपडे नहीं सूखाए।
– बिजली के खंभों पर विज्ञापन बोर्ड, टीवी केबल, पम्पलेट आदि नहीं लगाएं।
– घर के सामने से गुजर रहे तारों पर प्लास्टिक पाइप नहीं चढाएं, इनमें पानी भर जाने से करंट का खतरा बना रहता है।
– पार्कों में या घरों के बाहर बच्चों को विद्युत तंत्र के आसपास नहीं खेलने दें।
– ट्रांसफार्मर के नीचे कचरा नहीं फैंके, कचरे के चलते पशुओं का यहां जमावड़ा लगा रहता है। ऐसे में पशुओं को करंट लग सकता है।