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खुलासा न्यूज़, बीकानेर। जिला कलक्टर कुमार पाल गौतम ने बुधवार की शाम स्टेशन रोड से लगते रेलवे फाटक एवं उसके पास में ही स्थित मटका गली का निरीक्षण कर यहाँ रेलवे अंडरब्रिज बनाने की संभावनाओं को देखा। गौतम ने इससे पूर्व रेलवे फाटक की समस्या का समाधान तलाशने के लिए 5 विभागों के अभियन्ताओं की एक कमेटी का गठन किया था, जिसकी रिपोर्ट के बाद अधिकारियों और अभियन्ताओं के साथ मौका-मुआयना किया।
गौतम जब महात्मा गांधी मार्ग से रेलवे फाटक की तरफ मुड़े, तो रेलवे फाटक बंद था और जाम लगा था। यहीं से सभी अधिकारियों के साथ उन्होंने रेलवे फाटके से लेकर कोयला गली होते हुए रेलवे स्टेशन के नए दरवाजे तक का सफर पैदल तय कर जमीनी हकीकत को जाना कि अभियन्ताओं ने जो कुछ नक्शे में उकेरा है, उसे अगर अमलीजामा पहनाया जाए, तो यातायात का दबाव किस तरह कम हो सकता है और अंडरब्रिज बनाने के लिए किस तरह की समस्याएं आ सकती है और उनका समाधान क्या हो सकता है। गौतम ने मटका गली से कोयला गली तक अंडरब्रिज बनाने की संभावनाओं के साथ-साथ कोटगेट पर भी एक अंडरब्रिज बनाने की संभावनाएं देखी।
जिला कलक्टर ने अभियन्ताओं की रिपोर्ट को मौके पर ही सीधे-सीधे देखा कि किस तरह से कितनी हाईट के बाद ब्रिज मुख्य मार्ग पर आएगा और इसके बनाने से स्थानीय लोगों और व्यापारियों को किस तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है और उनके क्या समाधान हो सकते हैं। उन्होंने मौके पर ही स्थानीय लोगों से भी बातचीत की और अन्य संभावनाओं पर भी आमजन के विचार जाने। गौतम ने आयुक्त नगर निगम तथा सचिव नगर विकास न्यास को निर्देश दिए कि एम.जी. रोड, स्टेशन रोड व इसके आस-पास के इलाकों में व्यापारियों ने दुकानों का सामान अनाधिकृत रूप से दुकानों के बाहर लगा रखा है, इस कारण सड़क मार्ग काफी कन्जेस्टेड हो गया है। दोनों अधिकारी पुलिस के साथ मिलकर व्यापारियों को समझाईश करें कि रास्ता सुगम हो, इसके लिए बिक्री योग्य सामान को दुकान के अंदर ही रखें। अगर समझाईश के बाद भी सकारात्मक परिणाम न आएं, तो नियमानुसार अतिक्रमण हटाने की कार्यवाही की जाए।
यह है 5 सदस्यीय कमेटी
जिला कलक्टर ने मंडल रेल प्रबंधक के वरिष्ठ अभियन्ता, सार्वजनिक निर्माण विभाग, आरयूआईडीपी, नगर विकास न्यास एवं आरएसआरडीसी के अधीक्षण अभियन्ताओं की एक कमेटी का गठन किया था, जिसे इन दोनों रेलवे फाटकों की समस्या के समाधान के लिए 30 दिन की रिपोर्ट देने की बात कही थी। उन्होंने बताया कि शहर के बीच से निकल रही रेल लाईन के समाधान के लिए उच्च स्तर पर भी प्रयास किए जा रहे हैं, जिनमें रेल बाईपास सहित अन्य संभावनाओं पर मुख्य सचिव के निर्देश पर गठित एक उच्च स्तरीय कमेटी द्वारा भी राज्य सरकार व रेल मंत्रालय स्तर पर बातचीत जारी है।
रतन बिहारी पार्क का किया निरीक्षण
जिला कलक्टर व न्यास अध्यक्ष कुमार पाल गौतम ने रतन बिहारी पार्क का निरीक्षण किया। उन्होंने न्यास सचिव मेघराज सिंह मीना को निर्देश दिए कि पार्क की मोहता भवन की तरफ जो दीवार बनी है, यह टूट गई है, इस पूरी दीवार को हटाकर यहां लोहे की सुन्दर रैलिंग लगाई जाए, साथ ही रतन बिहारी पार्क के एम.जी. रोड से लगते दरवाजे की तरफ महिलाओं और पुरूषों के लिए अलग से शौचालय बनाए जाएं। उन्होंने मीना को यह भी निर्देश दिए कि पार्क परिसर में सार्वजनिक प्रकाश व्यवस्था को बेहतर बनाया जाए। गौतम ने पुराने बस स्टैण्ड के पास यातायात व्यवस्था को सुचारू रूप से करने के निर्देश देते हुए कहा कि वर्तमान में जो पार्किंग व्यवस्था है, इसकी समीक्षा की जाए तथा नई व्यवस्था इस तरह से की जाए कि मुख्य डाकघर से सादुलसिंह सर्किल की ओर आने वाला रास्ता सुगम हो सके। इस दौरान आयुक्त नगर निगम डॉ. प्रदीप के गवांडे, नगर विकास न्यास सचिव मेघराज सिंह मीना सहित पांचों विभागों के अधीक्षण अभियन्ता भी साथ थे।